Rajasthan RTE Admission 2025: राजस्थान आरटीई एडमिशन निजी स्कूलों में निशुल्क पढ़ाई का सुनहरा मौका, आवेदन प्रक्रिया शुरू

जयपुर, 22 मार्च 2025: राजस्थान सरकार ने निःशुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 (आरटीई) के तहत गैर-सरकारी विद्यालयों में 25 प्रतिशत निःशुल्क सीट्स पर प्रवेश के लिए व्यापक दिशा-निर्देश जारी किए हैं। ये दिशा-निर्देश शैक्षिक सत्र 2025-26 से प्रभावी होंगे और “दुर्बल वर्ग” तथा “असुविधाग्रस्त समूह” के बच्चों को प्राथमिक शिक्षा तक मुफ्त पहुंच सुनिश्चित करने के लिए तैयार किए गए हैं। इस लेख में हम इन दिशा-निर्देशों की पृष्ठभूमि, प्रक्रिया, पात्रता, समय-सीमा, और संलग्न परिशिष्टों को विस्तार से समझेंगे।

निःशुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 को राजस्थान में 1 अप्रैल 2010 से लागू किया गया था। इसकी धारा 12(1)(ग) के अनुसार, गैर-सरकारी विद्यालयों को अपनी एंट्री लेवल कक्षा (PP3+ या कक्षा-1) की 25 प्रतिशत सीट्स पर “दुर्बल वर्ग” और “असुविधाग्रस्त समूह” के बच्चों को निःशुल्क प्रवेश देना अनिवार्य है। इन बच्चों को कक्षा 8 तक मुफ्त शिक्षा प्रदान की जाएगी, और उनकी फीस का पुनर्भरण सरकार द्वारा किया जाएगा। यह पुनर्भरण अधिनियम की धारा 12(2) और राजस्थान निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार नियम, 2011 के नियम 11 के अनुसार होता है।

राज्य में सत्र 2012-13 से इस प्रावधान के तहत प्रवेश शुरू हुए, और सरकार नियमित रूप से पात्र बच्चों की फीस का पुनर्भरण करती आ रही है। राज्य में लगभग 40,000 गैर-सरकारी विद्यालय संचालित हैं, और इतने बड़े पैमाने पर इस प्रक्रिया को लागू करना चुनौतीपूर्ण है। इसलिए, सत्र 2013-14 से सरकार ने इसे पूरी तरह ऑनलाइन करने का निर्णय लिया। राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (NIC) के सहयोग से एक पोर्टल विकसित किया गया, जिसके माध्यम से प्रवेश, भौतिक सत्यापन, और पुनर्भरण की प्रक्रिया ऑनलाइन की जाती है। इस कदम से न केवल कार्यभार कम हुआ, बल्कि पारदर्शिता भी बढ़ी।

सत्र 2024-25 के दौरान कुछ समस्याएं सामने आईं, जैसे प्रवेश प्रक्रिया में देरी, दस्तावेजों में त्रुटियां, और पुनर्भरण में असंगतियां। इनको ध्यान में रखते हुए, सत्र 2025-26 के लिए संशोधित दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। ये दिशा-निर्देश गैर-सरकारी स्कूलों, अभिभावकों, और शिक्षा विभाग के अधिकारियों के लिए महत्वपूर्ण हैं। इन्हें आरटीई अधिनियम, 2009, राज्य नियम, 2011, और समय-समय पर जारी अधिसूचनाओं/आदेशों के आधार पर तैयार किया गया है। यदि इनमें और मूल नियमों में कोई विसंगति हो, तो मूल नियम ही मान्य होंगे।

राजस्थान  सरकार ने शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) और वंचित समुदायों के बच्चों को निजी स्कूलों में निशुल्क शिक्षा देने के लिए आरटीई (RTE) के तहत प्रवेश प्रक्रिया की घोषणा कर दी है यह पूरी प्रक्रिया ‘निःशुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009’ की धारा 12(1)(c) के तहत संचालित की जा रही है, जिसके तहत निजी गैर-सरकारी स्कूलों में 25 प्रतिशत सीटें आरक्षित रहती हैं इस योजना का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि हर बच्चा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त कर सके।

राज्य प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय ने आरटीई के टाइम फ्रेम की सार्वजनिक सूचना जारी की। इसके अनुसार, निजी विद्यालयों को विज्ञापन देना होगा। 24 मार्च तक संबंधित विद्यालय को प्रोफाइल अपडेट करना होगा। अभिभावक इस 25 मार्च से 7 अप्रैल तक ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। इसके लिए विभाग की अधिकृत वेबसाइट पर आवेदन पोर्टल चालू किया जाएगा। अभ्यर्थियों को आवेदन के समय आय, जाति, निवास प्रमाण पत्र और बच्चे की जन्मतिथि का प्रमाण पेश जैसे जरूरी दस्तावेज उपलब्ध करने होंगे। ऑनलाइन आवेदन के बाद 9 अप्रैल को लॉटरी निकाली जाएगी। पारदर्शिता के लिए पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन की जाएगी।

शैक्षिक सत्र 2025-26: गैर सरकारी स्कूलों में नि:शुल्क प्रवेश के लिए आवेदन शुरू – पूरी जानकारी यहाँ देखें!

परिचय:

राजस्थान के गैर सरकारी विद्यालयों में शैक्षिक सत्र 2025-26 के लिए नि:शुल्क प्रवेश प्रक्रिया की शुरुआत हो चुकी है। कार्यालय निदेशक परिषद् शिक्षा राजस्थान, बीकानेर ने नि:शुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 की धारा 12 (1) (सी) के तहत यह प्रक्रिया शुरू की है। इसके अंतर्गत आर्थिक रूप से कमजोर और असुविधाप्रस्त समूह के बच्चों को प्री-प्राइमरी 3+ और कक्षा 1 में 25% सीटों पर नि:शुल्क प्रवेश का अवसर मिलेगा। यदि आप अपने बच्चे के लिए इस अवसर का लाभ उठाना चाहते हैं, तो यह पोस्ट आपके लिए है। यहाँ हम आपको आवेदन प्रक्रिया, महत्वपूर्ण तारीखें, और अन्य सभी जरूरी जानकारी विस्तार से दे रहे हैं।

आरटीई के तहत किसे मिलेगा लाभ?

राज्य सरकार के निर्देशानुसार वे सभी अभिभावक जिनकी वार्षिक आय निर्धारित सीमा से कम है और जिनके बच्चे पहली कक्षा या प्री-प्राइमरी कक्षा में प्रवेश के पात्र हैं, वे इस योजना के तहत आवेदन कर सकते हैं इसके अंतर्गत चयनित बच्चों को संबंधित निजी विद्यालयों में मुफ्त पढ़ाई, किताबें, यूनिफॉर्म और अन्य सुविधाएं दी जाएंगी, जिनका खर्च सरकार वहन करेगी इससे समाज के कमजोर वर्गों के बच्चों को भी अच्छे स्कूलों में समान शिक्षा का अवसर मिलता है।

वंचित रह गए बच्चों के लिए विशेष मौका

अगर किसी कारणवश कोई बच्चा पहले चरण में प्रवेश से वंचित रह जाता है, तो उसके लिए दो अतिरिक्त चरणों की व्यवस्था की गई है ब्रिजिंग एडमिशन के तहत 9 से 15 मई तक पुनः आवेदन किया जा सकता है द्वितीय चरण 16 मई से 5 अगस्त तक और अंतिम चरण 6 अगस्त से 31 अगस्त 2025 तक आयोजित होगा।

 : प्रवेश प्रक्रिया

 1. एंट्री लेवल कक्षा में प्रवेश

प्रत्येक गैर-सरकारी स्कूल को अपनी एंट्री लेवल कक्षा (PP3+ या कक्षा-1) में कुल सीट्स के 25% पर “दुर्बल वर्ग” और “असुविधाग्रस्त समूह” के बच्चों को निःशुल्क प्रवेश देना होगा। यह प्रक्रिया आरटीई अधिनियम, 2009 और राज्य नियम, 2011 के प्रावधानों के अनुसार होगी। स्कूलों को यह सुनिश्चित करना होगा कि निःशुल्क और सशुल्क बच्चों का अनुपात निर्धारित नियमों के अनुसार रहे। उदाहरण के लिए:

– PP3+: नवप्रवेशित सशुल्क बच्चों की संख्या का 1/3 निःशुल्क बच्चे होंगे।

– कक्षा-1: (PP3+ से क्रमोन्नत सशुल्क बच्चे + नवप्रवेशित सशुल्क बच्चे) का 1/3, जिसमें से PP3+ से क्रमोन्नत निःशुल्क बच्चों को घटाया जाएगा।

जो बच्चे स्कूल छोड़ देते हैं या टीसी ले लेते हैं, उनके नाम पोर्टल से हटाना अनिवार्य है। हालांकि, क्रमोन्नत निःशुल्क बच्चों को किसी भी स्थिति में निष्कासित नहीं किया जा सकता।

2. पात्रता मानदंड

2.1 निवास क्षेत्र

बच्चे का निवास स्कूल के परिवेश क्षेत्र (कैचमेंट एरिया) में होना चाहिए। यह क्षेत्र शहरी क्षेत्रों में संबंधित नगर निकाय (नगर निगम, नगर परिषद, नगर पालिका) और ग्रामीण क्षेत्रों में संबंधित ग्राम पंचायत के गांव तक सीमित है। प्राथमिकता उसी वार्ड/गांव के बच्चों को दी जाएगी, जहां स्कूल स्थित है। यदि वहां से पर्याप्त आवेदन नहीं मिलते, तो शेष शहरी निकाय/ग्राम पंचायत के बच्चों को मौका मिलेगा। सत्र 2025-26 में यह प्रक्रिया 33 जिलों के आधार पर होगी।

2.2 दुर्बल वर्ग

राज्य सरकार की अधिसूचना (18 मई 2020) के अनुसार, “दुर्बल वर्ग” में वे बच्चे शामिल हैं, जिनके अभिभावकों की वार्षिक आय 2.50 लाख रुपये या उससे कम है।

2.3 असुविधाग्रस्त समूह

इसमें निम्नलिखित शामिल हैं:

– अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) के बच्चे।

– अनाथ बच्चे।

– HIV/कैंसर से प्रभावित बच्चे या ऐसे माता-पिता/संरक्षक के बच्चे।

– युद्ध विधवा के बच्चे।

– निःशक्त बच्चे (केंद्र सरकार के RPWD अधिनियम, 2016 की धारा 2(r) के अनुसार)।

– पिछड़ा वर्ग (OBC) या विशेष पिछड़ा वर्ग (SBC) के बच्चे, जिनके अभिभावकों की आय 2.50 लाख रुपये से कम हो।

– बीपीएल सूची (केंद्र या राज्य) में शामिल परिवारों के बच्चे।

2.4 आयु सीमा

– PP3+: 3 वर्ष से अधिक लेकिन 4 वर्ष से कम (31 जुलाई 2025 तक)।

– कक्षा-1: 6 वर्ष से अधिक लेकिन 7 वर्ष से कम (31 जुलाई 2025 तक)।

2.5 निवास प्रमाण

निवास प्रमाण के लिए तहसीलदार द्वारा जारी प्रमाण पत्र मान्य होगा। वैकल्पिक रूप से आधार कार्ड, राशन कार्ड, या अन्य वैधानिक दस्तावेज भी स्वीकार्य होंगे।

 3. समय-सीमा

प्रवेश प्रक्रिया के प्रमुख चरण निम्नलिखित हैं:

  1. विज्ञापन: 31 मार्च 2025 तक।
  2. ऑनलाइन आवेदन: 1 अप्रैल से 8 अप्रैल 2025 तक।
  3.  स्कूलों द्वारा आवेदन जांच: 9 अप्रैल से 21 अप्रैल 2025 तक।
  4. दस्तावेज सत्यापन और संशोधन: 9 अप्रैल से 24 अप्रैल 2025 तक।
  5. प्रथम चरण आवंटन: 9 मई से 15 जून 2025 तक
  6.  द्वितीय चरण आवंटन: 16 जून से 5 अगस्त 2025 तक।
  7. अंतिम चरण: 6 अगस्त से 31 अगस्त 2025 तक।

4. ऑनलाइन प्रक्रिया

– अभिभावकों को पोर्टल पर आवेदन करना होगा, जिसमें बच्चे और अभिभावक की जानकारी, दस्तावेज अपलोड करना शामिल है।

– आवेदन में त्रुटि होने पर अभिभावक निर्धारित तिथि तक संशोधन कर सकते हैं। इसके बाद आवेदन लॉक हो जाएंगे।

– लॉटरी प्रक्रिया राज्य स्तर पर सॉफ्टवेयर द्वारा रैंडम विधि से होगी। अनाथ और निःशक्त बच्चों को प्राथमिकता मिलेगी।

 5. दस्तावेज जांच

स्कूलों को आवेदनों के साथ संलग्न दस्तावेजों की सत्यता जांचनी होगी। यदि कोई त्रुटि मिलती है, तो अभिभावकों को सूचित किया जाएगा, और वे निर्धारित समय में संशोधन कर सकते हैं। CBE0 स्तर पर भी जांच होगी।

 6. लॉटरी और आवंटन

  • लॉटरी में प्राथमिकता क्रम: (1) स्कूल का वार्ड/गांव, (2) शहरी निकाय/ग्राम पंचायत।
  • आवंटन के बाद अभिभावक स्कूल में रिपोर्टिंग करेंगे। स्कूल चयन में बदलाव संभव है।

 7. आवश्यक दस्तावेज

दुर्बल वर्ग: आय प्रमाण (2.50 लाख रुपये तक), निवास प्रमाण, जन्म प्रमाण।

असुविधाग्रस्त समूह: जाति प्रमाण, निःशक्तता प्रमाण, अनाथ प्रमाण, HIV/कैंसर रिपोर्ट, आदि।

परिशिष्ट-1: आदेश और परिपत्रों का सारांश

1. विशेष आवश्यकता वाले बच्चे: निःशक्त बच्चों को अनिवार्य प्रवेश और सुविधाएं सुनिश्चित करने के आदेश (12 सितंबर 2011)।

2. शुल्क के नाम पर अनुदान: स्कूलों द्वारा अनुदान/चंदा लेने पर पुनर्भरण नहीं होगा।

3. स्कूल परिवर्तन: स्वेच्छा से स्कूल बदलने पर पुनर्भरण बंद (30 अप्रैल 2013)।

4. आय प्रमाण: प्रतिवर्ष आय प्रमाण जमा करना अनिवार्य।

परिशिष्ट-2 : आवेदन पत्र का प्रारूप 

आवेदन में बच्चे का नाम, लिंग, जन्म तिथि, जाति, अभिभावक की जानकारी, आय, और निवास विवरण देना होगा। अभिभावक को शपथ पत्र देना होगा कि जानकारी सही है।

परिशिष्ट-3: उदाहरण

ग्रामीण क्षेत्र: ग्राम पंचायत में स्कूल के गांव से 30 और अन्य गांवों से 20 आवेदन। लॉटरी में स्कूल के गांव को प्राथमिकता।

शहरी क्षेत्र: वार्ड 17 से 10 और अन्य 44 वार्डों से 70 आवेदन। वार्ड 17 को प्राथमिकता।

परिशिष्ट-4: FAQ

1. सत्र बीच में छोड़ने पर: पुनर्भरण नहीं होगा।

2. भवन सुरक्षा: 50 साल पुराने भवनों के लिए हर 3 साल में प्रमाण पत्र।

3. पूर्ण अनुदानित स्कूल: 25% सीट्स पर प्रवेश देना होगा, लेकिन पुनर्भरण नही।

परिशिष्ट-5: निवास प्रमाण प्रारूप

वार्ड परिवर्तन होने पर सरपंच/पार्षद/राजपत्रित अधिकारी से प्रमाण पत्र लेना होगा

शैक्षिक सत्र 2025-26 के लिए गैर सरकारी स्कूलों में नि:शुल्क प्रवेश प्रक्रिया को सुचारू रूप से चलाने के लिए निदेशक परिषद् शिक्षा राजस्थान ने एक समयबद्ध योजना तैयार की है। यह प्रक्रिया ऑनलाइन होगी और इसमें कई चरण शामिल हैं, जैसे आवेदन, लॉटरी, दस्तावेज सत्यापन, और अंतिम चयन। नीचे दी गई तालिका में सभी चरणों की समयसीमा और जिम्मेदारियां दी गई हैं:

महत्वपूर्ण तारीखें और प्रक्रिया:

क्र.सं. विवरण/ गतिविधि टाईम फ्रेम दायित्व निर्धारण

1

विज्ञापन जारी करना दिशा-निर्देश जारी होने तत्काल बाद निदेशालय व सम्बंधित निजी विद्यालय
2 संबंधित विद्यालय द्वारा विद्यालय प्रोफाइल अपडेट करना 24 मार्च 2025 तक संबंधित विद्यालय
3 अभिभावकों द्वारा ऑनलाइन आवेदन करना व दस्तावेज अपलोड करना 25 मार्च 2025 से          07 अप्रैल 2025 तक संबंधित अभिभावक
4 ऑनलाइन लॉटरी द्वारा प्रवेश हेतु बालकों का वरीयता  क्रम निर्धारण करना 09 अप्रैल 2025 राज्य स्तर पर एनआईसी द्वारा
5 अभिभावकों द्वारा ऑनलाइन रिपोर्टिंग करना(विद्यालय चयन क्रम को बदलना) 09 अप्रैल 2025 से         21  अप्रैल 2025 तक अभिभावकों द्वारा
6 विद्यालय द्वारा आवेदन पत्रों की जांच करना(प्रथम चयनित विद्यालय द्वारा) 09 अप्रैल 2025 से         21 अप्रैल 2025 तक गैर सरकारी विद्यालय
7 शेष समस्त आवेदन  ऑटोवेरिफाइ करना 21  अप्रैल 2025 राज्य स्तर पर एनआईसी द्वारा
8 अभिभावक द्वारा दस्तावेजों में संशोधन करना 09 अप्रैल 2025 से        24 अप्रैल 2025 तक अभिभावकों द्वारा
9 विद्यालय द्वारा आवेदन पत्रों की पुनः जांच करना(प्रथम चयनित विद्यालय द्वारा) 09 अप्रैल 2025 से         28 अप्रैल 2025 तक गैर सरकारी विद्यालय
10 विद्यालय द्वारा (Rejection Request किये जाने पर सीबीईओ  द्वारा जांच करना 11 अप्रैल 2025 से           05 मई 2025 तक सीबीईओ  द्वारा
11 संशोधित दस्तावेज विद्यालय द्वारा जाँच नहीं किये जाने पर ऑटोवेरिफाइ करना 06 मई 2025 राज्य स्तर पर एनआईसी द्वारा
12 पोर्टल द्वारा उपलब्ध आवेदन सिस्टम पर चयन क्रम (प्रथम चरण आवेदन) 09 मई 2025 से             15 जुलाई 2025 तक जिला स्तर पर एनआईसी
13 पोर्टल द्वारा उपलब्ध आरटीई सीट्स पर चयन करना (द्वितीय चरण आवंटन) 16 जुलाई 2025 से         05 अगस्त 2025 तक राज्य स्तर पर एनआईसी
14 पोर्टल द्वारा उपलब्ध आरटीई सीट्स पर करना (सशुल्क बालकों के प्रवेश एवं बालक के वरीयता के आधार पर) (अंतिम चरण) 06 अगस्त 2025 से       31 अगस्त 2025 तक राज्य स्तर पर एनआईसी

 

आवेदन कैसे करें?

  1. आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं: आवेदन करने के लिए आधिकारिक पोर्टल www.rajsps.nic.in पर जाएं।
  2. ऑनलाइन आवेदन करें: 25 मार्च 2025 से 07 अप्रैल 2025 तक ऑनलाइन आवेदन करें। सभी जरूरी दस्तावेज तैयार रखें।
  3. लॉटरी और चयन प्रक्रिया: 09 अप्रैल 2025 को लॉटरी के माध्यम से चयन होगा। चयन के बाद 09 से 15 अप्रैल 2025 तक ऑनलाइन रिपोर्टिंग करें।
  4. दस्तावेज सत्यापन: चयनित विद्यालय द्वारा आपके दस्तावेजों की जांच की जाएगी। सुनिश्चित करें कि सभी दस्तावेज सही और पूरे हों।

संपर्क जानकारी:

यदि आपको आवेदन प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की सहायता चाहिए, तो निम्नलिखित संपर्क सूत्रों पर संपर्क करें:

ई-मेल: ddrtebknr@gmail.com / rajpshelp@gmail.com

हेल्पलाइन नंबर: 0151-2220140 / 0141-2719073

लिंक: वेबसाइट लिंक (www.rajsps.nic.in)

महत्वपूर्ण नोट:

  • यह प्रक्रिया पूरी तरह से पारदर्शी होगी और राज्य स्तर पर एनआईसी द्वारा संचालित की जाएगी।
  • समय सीमा का सख्ती से पालन करें, क्योंकि देरी होने पर आवेदन रद्द हो सकता है।
  • अधिक जानकारी के लिए आधिकारिक वेबसाइट पर नियमित रूप से जांच करते रहें।

कॉल-टू-एक्शन:

अपने बच्चे के उज्जवल भविष्य के लिए आज ही आवेदन करें! यह अवसर न चूकें। नि:शुल्क प्रवेश प्रक्रिया में भाग लेने के लिए अभी www.rajsps.nic.in पर जाएं और आवेदन शुरू करें। यदि आपके कोई सवाल हैं, तो ऊपर दिए गए हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क करें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!