बीकानेर। राजस्थान शिक्षा विभाग ने लंबे इंतजार के बाद आखिरकार सोमवार देर रात बड़ा कदम उठाया। राज्य के विभिन्न जिलों में 4527 प्रिंसिपलों (प्रधानाचार्यों) के तबादले कर दिए गए। यह निर्णय मुख्यमंत्री की अनुमति और माध्यमिक शिक्षा निदेशालय की तैयारी के बाद लागू हुआ।
सूत्रों के अनुसार, प्रदेश में करीब 19 हजार प्रिंसिपल के स्वीकृत पद हैं, जिनमें से लगभग 4 हजार पद लंबे समय से खाली चल रहे थे। शिक्षा विभाग ने अब खाली पदों पर भी प्रिंसिपल लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
डेढ़ साल से चल रही चर्चा के बाद आदेश जारी
प्रदेश में पिछले डेढ़ साल से प्रिंसिपलों के तबादलों को लेकर चर्चा चल रही थी। विधानसभा सत्र से पहले विधायकों और सांसदों ने मुख्यमंत्री से इस मुद्दे पर संवाद किया था। शिक्षा मंत्री मदन दिलावर और विभागीय अधिकारियों के बीच कई दौर की बैठकें भी हुईं। आखिरकार सरकार ने तबादलों की सूची जारी कर दी।
शाला दर्पण पोर्टल पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश
माध्यमिक शिक्षा निदेशक सीताराम जाट ने आदेश जारी करते हुए सभी प्रिंसिपलों को शाला दर्पण पोर्टल के जरिए तत्काल कार्यमुक्त और कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए।
अगस्त में ही तैयार थी लिस्ट
सूत्रों के मुताबिक, अगस्त महीने में ही शिक्षा विभाग की टीम ने तबादलों की सूची तैयार कर ली थी। लेकिन विधानसभा सत्र शुरू होने के कारण आदेश जारी नहीं हो पाए थे। अब सरकार की अनुमति के बाद एक ही बार में 4527 प्रिंसिपलों का स्थानांतरण किया गया है।
खाली पदों पर भी जल्द होगी नियुक्ति
राज्य में लगभग 4 हजार प्रिंसिपल पद रिक्त चल रहे हैं। शिक्षा विभाग ने अब इन खाली पदों पर भी नियुक्तियां करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इससे प्रदेश के स्कूलों में लंबे समय से चल रही प्रशासनिक दिक्कतें दूर होने की उम्मीद है।
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#डेढ़ साल से अटकी तबादला सूची अब जारी
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